ICICI बैंक और फिनटेक नियो ने साझेदारी ,MSME के श्रमिकों को प्रीपेड कार्ड जारी करने के लिए

प्रीपेड कार्ड जारी

  • निजी क्षेत्र के प्रमुख बैंक आईसीआईसीआई बैंक और फिनटेक नियो ने गुरुवार को माइक्रो, स्माॅल और मीडियम उद्यमों (एमएसएमई) के श्रमिकों को प्रीपेड कार्ड जारी करने के लिए साझेदारी की घोषणा की।
  • एमएसएमई अब अपने श्रमिकों के लिए वीजा द्वारा संचालित ‘आईसीआईसीआई बैंक नियो भारत पेरोल कार्ड’ हासिल करने में सक्षम होंगे। इसके साथ, एमएसएमई अपने श्रमिकों के वेतन को कार्ड पर अपलोड कर सकते हैं।
  • ‘आईसीआईसीआई बैंक नियो भारत पेरोल कार्ड’ से कोई भी व्यक्ति अपने कार्ड खाते में 1 लाख रुपए तक की धनराशि तक प्राप्त कर सकता है।।
  • आईसीआईसीआई बैंक के साथ यह साझेदारी भारत के फैक्टरी श्रमिकों के लिए बैंकिंग अनुभव में क्रांति लाने के लिए नियो के मिशन तहत है। 
  • इसके साथ, नियो ने अपने प्रमुख उत्पाद ‘नियो भारत’ के साथ अगले 5 वर्षों में 5 मिलियन ब्लू-कॉलर श्रमिकों तक पहुंचने के अपने लक्ष्य की घोषणा की है।
  • ‘नियो भारत’ के मौजूदा समय में 17 लाख से अधिक ग्राहक हैं, और यह हर दिन लगभग 5000 ग्राहक जोड़ रहा है।

वित्तीय समावेशन को बढ़ावा

आईसीआईसीआई बैंक के हेड अनसिक्योर एसेट्स सुदीप्ता रॉय ने कहा, ”आईसीआईसीआई बैंक में हम लगातार उन सुविधाओं को पेश करने का प्रयास करते है, जिनके सहयोग से वित्तीय समावेशन को बढ़ावा दिया जा सकता है और औपचारिक बैंकिंग ईकोसिस्टम की पहुंच का विस्तार करना संभव होता है। इसके तहत हम ‘आईसीआईसीआई बैंक नियो भारत पेरोल कार्ड’ के लिए नियो के साथ साझेदारी करते हुए खुशी का अनुभव कर रहे हैं। यह साझेदारी हमारी ओर से की गई एक और पहल है ताकि उन के लिए बैंकिंग उत्पादों को आसानी से उपलब्ध कराया जा सके, जिन तक अभी बैंकिंग सुविधाओं की पहुंच बहुत कम है। हमारा मानना है कि इस कार्ड से लैस एमएसएमई के श्रमिक भी डिजिटल बैंकिंग की सुविधा और सुरक्षा का आनंद ले सकेंगे।”

प्रीपेड कार्ड का लाभ उठाने के लिए कोई भी एमएसएमई नियो के साथ गठजोड़ कर सकता है। टाई-अप के बाद, श्रमिकों को उनके कार्यस्थल पर ही कार्ड जारी किए जाते हैं, जबकि बायो-मीट्रिक डिवाइस का उपयोग करके एक साथ उनका केवाईसी सत्यापन किया जाता है। एक बार सक्रिय होने के बाद, श्रमिक कार्ड का उपयोग एटीएम में से पैसे निकालने, ई-कॉमर्स पोर्टल पर ऑनलाइन लेनदेन करने और प्वाइंट ऑफ सेल (पीओएस) मशीनों पर कार्ड स्वाइप करके कर सकते हैं।

नियो के को-फाउंडर और सीईओ विनय बागड़ी ने कहा, ‘नियो भारत डिजिटल सैलरी सॉल्यूशन में लाखों मजदूरों और वेतनभोगी कर्मचारियों को औपचारिक अर्थव्यवस्था में लाने की क्षमता है और यह डिजिटल इंडिया के प्रति देश के सफल अभियान का समर्थन भी करता है। हमारा प्राथमिक उद्देश्य ब्लू-कॉलर सेगमेंट के लिए डिजिटल बैंकिंग समाधान प्रदान करना है ताकि न केवल वित्तीय समावेशन को बढ़ावा दिया जा सके, बल्कि श्रमिकों के बीच दीर्घकालिक बचत की आदत भी डाली जा सके।”