पीयूष पांडे का सुझाव निर्मला सीतारमण जी के नाम अखबारी खत

सुझाव निम्नलिखित हैं.

  • पेट्रोल-डीजल के दाम कम करने की गुजारिश बेकार है. अच्छा हो कि आप घोड़ों पर सब्सिडी देना आरंभ करें. ” इसी बजट से आरंभ हो.
  • प्यार करने वालों को इनकम टैक्स में छूट दी जाए. ये छूट साल दर साल बढ़ती जाए तो बेहतर है. मसलन-प्यार के पहले साल सिर्फ 10 फीसदी छूट, पांच साल प्यार में रहने वालों को 30 फीसदी और 10 साल से अधिक वालों को 100 फीसदी छूट दें. इससे प्यार बढ़ेगा.
  • युवा प्रेमियों को प्रेमिकाओं को देने वाले गिफ्ट पर भी छूट मिलनी चाहिए, क्योंकि ताजा सर्वे बताते हैं कि युवा प्रेमियों का प्रेमिकाओं पर वेतन का करीब 70 फीसदी तक खर्च हो जाता है.
  • फसल बीमा योजना की तरह ब्रेक-अप बीमा योजना शुरू होनी चाहिए. ब्रेकअप होने के बाद शराब वगैरह पर खर्च बहुत बढ़ जाता है.
  • कॉल ड्रॉप को राष्ट्रीय समस्या घोषित किया जाए. और कॉल ड्रॉप पीड़ितों को भी सरकार मुआवजा दे. कंपनियां तो मुआवजा देने से रहीं.
  • दाल को हेरिटेज संपदा घोषित किया जाए.
  • चवन्नी-अठन्नी और 500-1000 के नोट को बच्चों को दिखाने के लिए एक म्यूजियम बनवाएं क्योंकि बाप-दादा जब कहते हैं कि हमारे जमाने में चवन्नी में ये आता था, अठन्नी में वो आता था तो बच्चों की बड़ी इच्छा होती है कि वो चवन्नी-अठन्नी निहारें. यही हाल 500 और 2000 के नोट का भी होगा.
  • नारेबाजी के प्रति युवाओं का अत्यधिक झुकाव देखते हुए देश में नारोगा यानी नारेबाजी रोजगार गारंटी योजना शुरू की जाए. इसके अलावा, प्रदर्शनकारियों को भत्ते देने की योजना शुरू हो. इससे उन्हें रोजगार मिलेगा और देश में बेरोजगारों की संख्या तेजी से घटेगी.
  • राष्ट्रीय सेल्फी दिवस घोषित कर उस दिन अवकाश दिया जाए ताकि लोग सेल्फी लेने की अपनी सारी नौटंकी और शौक उस दिन पूरा करें.
  • कोरोना को मात देने वाले लोगों को स्वतंत्नता सेनानियों की तर्ज पर पेंशन दी जाए.

प्रिय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण जी ,

मुझे मालूम है कि हलवा बंट चुका है, बजट छप चुका है. फिर भी कुछ सुझाव हैं, जो मैं देना चाहता हूं. जिस तरह संसद में कृषि कानून पास होने के बावजूद आपकी सरकार किसानों को मनाने के लिए संशोधन के लिए तैयार थी, मुझे यकीन है कि आप मेरे सुझावों को भी जैसे-तैसे बजट संशोधित कर समाहित करेंगी.