संयुक्त समझौते पर हस्ताक्षर India-Bangladesh के बीच

तस्करी की घटनाओं में वृद्धि

  • बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश (बीजीबी) ने शुक्रवार को दावा किया कि बांग्लादेश से भारत में अवैध रूप से घुसपैठ नहीं हो रही है। इसके साथ ही बीजीबी ने सीमापार से होने वाली तस्करी की घटनाओं में वृद्धि पर चिंता जाहिर की।
  • सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के महानिदेशक राकेश अस्थाना के साथ एक संयुक्त प्रेस वार्ता में बीजीबी के महानिदेशक मेजर जनरल मोहम्मद शफीनुल इस्लाम ने कहा कि पिछले तीन साल में भारतीय सीमा में लगभग 86 बांग्लादेशी नागरिक कथित आपराधिक गतिविधियों के कारण मारे गए। 
  • हालांकि, अस्थाना ने कहा कि बीएसएफ ने इस साल 3,204 व्यक्तियों को बांग्लादेश से भारत में अवैध रूप से घुसने के लिए गिरफ्तार किया और उनमें से 60 को बीजीबी को सौंप दिया गया।

रोहिंग्याओं की अवैध घुसपैठ

बीएसएफ और बीजीबी के बीच 22 दिसंबर को शुरू हुई 51वीं महानिदेशक स्तर की पांच दिवसीय वार्ता में सीमा से संबंधित कई विषयों पर चर्चा के दौरान दोनों बलों ने च्बातचीत के लिए संयुक्त समझौते पर हस्ताक्षर किये और अवैध गतिविधियों को रोकने के लिए रात में समन्वित गश्त को बढ़ाने का निर्णय लिया।

इस्लाम ने कहा, बांग्लादेश से भारत में कोई अवैध घुसपैठ नहीं हो रही है। बांग्लादेश का सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) ऊपर की ओर बढ़ रहा है। किसी भी नागरिक के पास नौकरी या किसी अन्य चीज के लिए भारत आने के कोई कारण नहीं है। लोग वैध दस्तावेज के साथ केवल चिकित्सकीय कारणों से आते हैं।

  • उन्होंने कहा कि सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाले कई परिवार के लोग सीमापार अपने रिश्तेदारों से मिलने जाते हैं लेकिन वह केवल वैध दस्तावेज के साथ जाते हैं।
  • बीजीबी के महानिदेशक ने उन खबरों का भी खंडन किया जिनके अनुसार कुछ लोग असम से बांग्लादेश इसलिए आ गए क्योंकि राष्ट्रीय नागरिक पंजी (एनआरसी) में उनका नाम नहीं था।

दोनों बलों के उच्च अधिकारियों ने रोहिंग्याओं की अवैध घुसपैठ के मुद्दे पर चिंता जताई और कहा कि बीएसएफ और बीजीबी इस पर नियंत्रण रखने के लिए कदम उठा रहे हैं।