डिजिटल शिक्षा: बजट में डिजिटल शिक्षा पर फोकस

Digital Education : ई-कंटेंट और ई-लर्निंग को बढ़ावा

  • बदलते युग में डिजिटल शिक्षा (Digital Education) एक महत्वपूर्ण भूमिका अदा करेगी. इससे छात्रों कई फायदे होंगे. साथ ही सरकार का भी प्रयास है डिजिटल माध्यमों से देश का बच्चा-बच्चा शिक्षित हो. जिसके चलते बजट में डिजिटल शिक्षा पर भी खासा जोर देखने को मिला है.
  • देश की वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Finance Minister Nirmala Sitaraman) ने विद्यार्थियों के उत्थान और कोरोना महामारी को देखते हुए बजट में डिजिटल शिक्षा पर फोकस रखा.
  • वित्त मंत्री ने कहा कि कोरोना के चलते विद्यार्थियों की पढ़ाई का काफी नुकसान हुआ है, आगे ऐसा न हो इसलिए ई-कंटेंट और ई-लर्निंग को बढ़ावा दिया जाएगा. उन्होंने कहा कि देश में डिजिटल विश्वविद्यालय (Digital University) की स्थापना की जाएगी.

शिक्षा के लिए वन क्लास वन टीवी चैनल कार्यक्रम शुरू

  • डिजिटल विश्वविद्यालय के द्वारा घर-घर शिक्षा पहुंचेगी. विद्यार्थियों को यह सुविधा कई क्षेत्रीय भाषाओं में भी प्राप्त होगी. जिसमें अन्य विश्वविद्यालय और संस्थान भी मदद करेंगे. इसके माध्यम से विद्यार्थियों को विश्व स्तर की गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त होगी.
  • गुणवत्तापरक शिक्षा के लिए वन क्लास वन टीवी चैनल कार्यक्रम शुरू होगा. साथ एक से 12 तक की क्लास के लिए प्रदेश क्षेत्रीय भाषाओं (Regional Languages) में शिक्षा प्रदान करेंगे. वन क्लास वन टीवी चैनल कार्यक्रम को बढ़ाया जाएगा. छात्र-छात्राएं टीवी, मोबाईल और रेडियो के द्वारा अपनी क्षेत्रीय भाषा में शिक्षा प्राप्त कर सकेंगे.
  • बजट में कृषि शिक्षा पर भी ध्यान दिया गया है. वित्त मंत्री ने प्राकृतिक, शून्य-बजट और जैविक खेती, आधुनिक कृषि की जरूरतों को पूरा करने के लिए कृषि विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम को संशोधित करने पर जोर दिया.
  • इस बीच, सरकार ने गुजरात इंटरनेशनल फाइनेंस टेक-सिटी (गिफ्ट सिटी) में वित्तीय प्रबंधन, फिन-टेक, गणित सहित अन्य में पाठ्यक्रम प्रदान करने के लिए विदेशी विश्वविद्यालयों की स्थापना की अनुमति देने का निर्णय लिया है.