CBSE : 9वीं-11वीं कक्षा की वार्षिक परीक्षाओं के दिशा-निर्देश जारी

अकादमिक सत्र 2021-22 की शुरुआत एक अप्रैल से

परीक्षा नियंत्रक ने कहा कि अब स्कूलों को खुद को छात्रों के फेस-टू-फेस इंटरेक्शन के लिए तैयार रखना होगा। इससे छात्रों को प्रैक्टिकल व वार्षिक परीक्षाओं की तैयारी करने में मदद मिलेगी। वह स्कूल जाकर अपनी लिखने की क्षमता की भी जांच कर सकेंगे। अगर छात्रों को कोई समस्या है तो उस पर भी निदान किया जा सकेगा।

  • केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने 9वीं-11वीं कक्षा की वार्षिक परीक्षाओं और नए अकादमिक सत्र की शुरुआत के लिए वीरवार को बोर्ड से मान्यता प्राप्त स्कूलों के प्रिंसिपल-एचओएस को दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
  • बोर्ड परीक्षा नियंत्रक संयम भारद्वाज ने कहा कि स्कूल कोरोना महामारी के लिए जारी गाइडलाइंस का पालन करते हुए वार्षिक परीक्षाएं कराकर अकादमिक सत्र 2021-22 की एक अप्रैल से शुरुआत करें।

10वीं-12वीं कक्षा की प्रैक्टिकल परीक्षाएं 1 मार्च से 11 जून के बीच

  • स्कूलों को छात्रों के बीच तैयारी की समीक्षा करते हुए कोरोना के नियमों के अनुसार 9वीं-11वीं की परीक्षाएं करानी होंगी।
  • लर्निंग गैप्स को भरने के लिए छात्रों को सत्र की शुरुआत में ब्रिज कोर्स दिया जाएगा जो विशेष रूप से इन्हीं छात्रों के लिए डिजाइन किया गया है।
  • उन्होंने कहा कि 9वीं-11वीं की वार्षिक परीक्षाओं और नए सत्र की शुरुआत को लेकर काफी स्कूलों में असमंजस की स्थिति थी। उन्होंने बोर्ड से संपर्क कर इस बारे में सुझाव मांगे थे।
  • सीबीएसई ने प्रैक्टिकल परीक्षाओं के लिए वीरवार को शेड्यूल जारी कर दिया है। जिसके मुताबिक स्कूलों को 10वीं-12वीं कक्षा की प्रैक्टिकल परीक्षाएं 1 मार्च से 11 जून के बीच पूरी करने को कहा गया है।
  • 10वीं-12वीं बोर्ड परीक्षार्थियों के प्रैक्टिकल के दौरान स्कूलों को कोरोना नियमों का पालन करना होगा। जिसमें एक बैच में 25 छात्रों को दो समूहों में विभाजित किया जाएगा।
  • ताकि छात्रों के बीच दूरी का पालन कराया जा सके। इस दौरान परीक्षार्थियों को मास्क पहनकर आना होगा।